जम्मू-कश्मीर के रामबन में पुलिस ने पीओके में बसे चार आतंकवादियों की संपत्ति जब्त की
जम्मू-कश्मीर पुलिस ने यूएपीए (गैर-कानूनी गतिविधियां रोकथाम अधिनियम) के तहत पीओके में बसे चार आतंकवादियों की रामबन जिले में स्थित संपत्ति जब्त की है। गुरुवार कोयह जानकारी पुलिस ने दी।

जम्मू, 30 जुलाई । जम्मू-कश्मीर पुलिस ने यूएपीए (गैर-कानूनी गतिविधियां रोकथाम अधिनियम) के तहत पीओके में बसे चार आतंकवादियों की रामबन जिले में स्थित संपत्ति जब्त की है। गुरुवार कोयह जानकारी पुलिस ने दी।
इन चार आतंकवादियों की पहचान अब्दुल रशीद, गुलाम रसूल, अब्दुल लतीफ नाइक और मुश्ताक अहमद के तौर पर की गई है।
जब्त की गई संपत्तियों में खेवट नंबर 22 के तहत 11 मरला पैतृक जमीन शामिल है, जिसकी कीमत लगभग 9.25 लाख रुपए है। यह जमीन जिनहाल, बनिहाल के रहने वाले अब्दुल रशीद उर्फ बशीर की है।
पुलिस ने खेवट नंबर 89 के तहत 10 कनाल जमीन भी जब्त की, जिस पर केवल खेती के अधिकार हैं और जिसकी कीमत लगभग 60 लाख रुपए है। यह जमीन कुंदन खारी के रहने वाले गुलाम रसूल उर्फ बादशाह की है।
एक और जब्ती में खेवट नंबर 107/108 के तहत तीन कनाल पैतृक जमीन शामिल है, जिसकी कीमत लगभग 20 लाख रुपए है। यह जमीन कूट खारी, बनिहाल के रहने वाले अब्दुल लतीफ नाइक उर्फ सज्जाद की है।
इसके अलावा, खेवट नंबर 72 के तहत दो मरला जमीन भी जब्त की गई, जिसकी कीमत लगभग 1.52 लाख रुपए है। यह जमीन चरील, बनिहाल के रहने वाले मुश्ताक अहमद की है।
एसएसपी अरुण गुप्ता ने कहा, "रामबन पुलिस ने 'गैर-कानूनी गतिविधि (रोकथाम) अधिनियम' (यूएपीए) के तहत चार आतंकवादियों की 13 कनाल और 13 मरला अचल संपत्ति जब्त की है। रामबन पुलिस आतंकवाद के नेटवर्क और उसके समर्थकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के लिए प्रतिबद्ध है।"
पुलिस ने कहा कि यह कार्रवाई आतंकवाद के सपोर्ट सिस्टम को खत्म करने की लगातार कोशिशों का हिस्सा है, ताकि आतंकवादियों और उनके साथियों को गैरकानूनी तरीके से रखी गई संपत्ति का फायदा न मिल सके। बयान में यह भी कहा गया कि ऐसे कानूनी कदमों का मकसद कानून व्यवस्था बनाए रखना और कानून के शासन को मजबूत करना है।
केंद्र शासित प्रदेश में आतंकवाद के सपोर्ट सिस्टम को खत्म करने के अपने आक्रामक अभियानों के तहत, सुरक्षा बल आतंकवादियों, और उनके समर्थकों के खिलाफ कार्रवाई कर रहे हैं।
Source: IANS

