इंजीनियरिंग बैकग्राउंड के बावजूद ई-20 पर तथ्य नहीं रख पाए केजरीवाल,

नई दिल्ली, 4 अगस्त । भाजपा सांसद सुधांशु त्रिवेदी ने मंगलवार को आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल के ई20 ईंधन के खिलाफ विरोध प्रदर्शन की आलोचना की। उन्होंने आरोप लगाया कि दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री बिना किसी ठोस सबूत के बेबुनियाद और निराधार आरोप लगा रहे हैं।

त्रिवेदी ने कहा, "दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अपनी नाकाम राजनीतिक महत्वाकांक्षाओं का बोझ उठाए कुछ समर्थकों के साथ दिखे। वे हमेशा की तरह नाटकबाजी और गैर जिम्मेदाराना हरकतें करते हुए बेबुनियाद और निराधार आरोप लगा रहे थे।"

सांसद ने केजरीवाल के दावों पर सवाल उठाए और उन पर जनता के बीच भ्रम फैलाने की कोशिश करने का आरोप लगाया।

सांसद सुधांशु त्रिवेदी ने कहा, "वे खुद को आईआईटी ग्रेजुएट बताते हैं, लेकिन अक्सर बिना तथ्य पेश किए बात करते हैं। इससे पहले वैक्सीन पर चर्चा के दौरान उन्होंने सुझाव दिया था कि वैक्सीन के फॉर्मूले सभी को बांट दिए जाने चाहिए। अब और भी दिलचस्प बात यह है कि वे मैकेनिकल इंजीनियरिंग बैकग्राउंड से हैं। ये सभी बातें बताती हैं कि वे स्पष्टता देने के बजाय भ्रम पैदा करने की कोशिश कर रहे हैं।"

उन्होंने कहा कि इंजीनियरिंग बैकग्राउंड को देखते हुए केजरीवाल आरोप लगाने के बजाय ई-20 ईंधन के असर के बारे में ज्यादा तकनीकी जानकारी दे सकते थे।

भाजपा सांसद ने कहा, "मुझे उम्मीद थी कि केजरीवाल तकनीकी पहलुओं और संभावित असर के बारे में बताएंगे। हालांकि उन्होंने न तो कोई रिसर्च की है और न ही ऑटोमोबाइल कंपनियों से कोई डेटा पेश किया है। इसके बजाय वे बेवजह विवाद खड़ा कर रहे हैं। मेरा मानना ​​है कि केजरीवाल को ऐसी गलत जानकारी फैलाने से बचना चाहिए।"

भाजपा सांसद ने कहा कि दुनियाभर के कई देशों में ई-15 ईंधन का इस्तेमाल हो रहा है और इसी तरह के ईंधन मिश्रण का इस्तेमाल यहां भी पहले से हो रहा है। यह अजीब बात है कि वे दावा कर रहे हैं कि पिछले चार साल से गाड़ियां खराब हो रही हैं, जबकि इसे लागू करने का काम चार महीने से भी कम समय पहले शुरू हुआ था।

भाजपा सांसद तरुण चुघ ने केजरीवाल पर तंज कसते हुए कहा कि केजरीवाल को राहुल गांधी का इटली वाला चश्मा नहीं पहनना चाहिए। चुघ ने कहा कि मैं अरविंद केजरीवाल से कहना चाहता हूं कि वे जो चश्मा पहने हुए हैं, उसे उतार दें।

उन्होंने दावा किया कि भारत के किसानों से एक एक बूंद इथेनॉल उठाई जा रही है। केजरीवाल किसानों की आमदनी पर झूठ बोल रहे हैं। मैं उनसे कहना चाहता हूं कि राहुल गांधी का चश्मा पहनकर भारत के किसानों का विराध मत करिए।

केजरीवाल के ई-20 मार्च पर चुघ ने कहा कि केजरीवाल उलझी हुई सोच के साथ काम कर रहे हैं। ई-20 को एक दिन में लागू नहीं किया गया था। इथेनॉल का इस्तेमाल दशकों से ऊर्जा के तौर पर हो रहा है और धीरे-धीरे यह 20 प्रतिशत तक पहुंचा है। दुनिया के कई देशों में पहले से ही फ्यूल के तौर पर इस्तेमाल हो रहा है।

ई-20 की वजह से लगभग 1.75 लाख करोड़ का सीधे भारतीय किसानों के खातों में जा रहे हैं। इससे किसानों को फायदा हो रहा है, बाजार को भी मुनाफा हो रहा है और देश का पैसा देश में ही रह रहा है। अरविंद केजरीवाल दिवालिया हो चुकी सोच के साथ काम कर रहे हैं। वे अपने लड़खड़ाते राजनीतिक एजेंडे को फिर से जिंदा करने के लिए अलग-अलग मुद्दे ढूंढते रहते हैं।

Source: IANS

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