राम मंदिर के फंड में गबन की जांच तेज, राम शंकर यादव से पूछताछ कर सकती है एसआईटी

लखनऊ, 19 जून । एसआईटी ने राम मंदिर की दानराशि में कथित गबन के मामले में जांच तेज कर दी है। शुक्रवार को जांच टीम आरोपी राम शंकर यादव उर्फ ​​टिन्नू यादव से पूछताछ कर सकती है। इसके अलावा, मंदिर में चढ़ाए गए सोने-चांदी से जुड़े दस्तावेजों की जांच और आरोपी के जमीन के रिकॉर्ड की पड़ताल भी की जा सकती है।

राम शंकर यादव दानराशि में कथित गबन के मुख्य संदिग्धों में से एक हैं। आरोप है कि उन्होंने एक आलीशान घर बनाने के लिए मंदिर के फंड से 50 करोड़ रुपए का इस्तेमाल किया। राम मंदिर क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय के साथ उनके कथित संबंधों के बाद मामले ने और तूल पकड़ा था।

सूत्रों ने बताया कि शुक्रवार को अपनी जांच के पांचवें दिन एसआईटी टीम आरोपी राम शंकर यादव से पूछताछ करेगी। साथ ही, अब तक उनसे मिले दस्तावेजों के साथ उनके बयानों का मिलान भी करेगी।

एसआईटी इस मामले में अब तक मंदिर के 10 से अधिक मुख्य लोगों और संबंधित कर्मचारियों से पूछताछ कर चुकी है। सूत्रों के अनुसार, मंदिर में चढ़ाए गए गहनों और आभूषणों सहित 'चढ़ावे' के दस्तावेजों की भी बारीकी से जांच की जा रही है। एसआईटी टीम मंदिर में मिले गहनों और चढ़ावे की असल मात्रा और उनके कागजी रिकॉर्ड के बीच संबंध का पता लगाने की कोशिश कर रही है।

सूत्रों ने बताया कि सोने और गहनों के रूप में मिले दान और मंदिर अधिकारियों के पास मौजूद उनके रिकॉर्ड के बीच अंतर के आधार पर एसआईटी कथित गड़बड़ियों और अनियमितताओं के बारे में निष्कर्ष निकालेगी, जिससे गबन के पैमाने का पता चल सकेगा।

बता दें कि उत्तर प्रदेश सरकार ने राम मंदिर के दान में कथित रूप से गबन के बाद जांच के लिए तीन सदस्यीय एसआईटी का गठन किया है। यह विवाद सबसे पहले 'चढ़ावे' के कलेक्शन में अनियमितताओं के बारे में स्थानीय मीडिया रिपोर्टों से शुरू हुआ था। बाद में समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव ने करोड़ों रुपए के बिना हिसाब-किताब वाले दान की चोरी का दावा किया था। साथ ही, उन्होंने मामले की न्यायिक जांच की मांग उठाई थी।

Source: IANS

अन्य समाचार

Advertisement

Advertisement

Advertisement

Get Newsletter

Advertisement