डैन व्याट ने बेटी डेजी को समर्पित की शतकीय पारी, बोलीं- परिवार के सामने उपलब्धि हासिल करना बेहद खास

बर्मिंघम, 13 जून । इंग्लैंड ने महिला टी20 विश्व कप 2026 के पहले मुकाबले में श्रीलंका को 87 रनों से हराया। टीम की इस जीत की नायक डैन व्याट-हॉज रहीं, जिन्होंने 62 गेंदों में 105 रनों की नाबाद पारी खेली। डैन व्याट ने मैच के बाद कहा कि उनकी नवजात बेटी डेजी उनके शानदार शतक की सबसे बड़ी प्रेरणा थी।

डैन व्याट की बेहतरीन बल्लेबाजी की बदौलत इंग्लैंड ने निर्धारित 20 ओवर में 219/1 का विशाल स्कोर खड़ा किया, जो टूर्नामेंट के इतिहास का सबसे बड़ा स्कोर रहा। इसके जवाब में श्रीलंका की टीम 132 रन पर सिमट गई। मैच के बाद डैन व्याट ने बताया कि जब वह 90 रन के आसपास बल्लेबाजी कर रही थीं, तब उनके मन में अपनी बेटी डेजी का ख्याल आया। उन्होंने कहा, "मुझे लगा कि मैं शतक के करीब हूं और मैंने सोचा कि मैं यह उपलब्धि डेजी के लिए हासिल कर सकती हूं। यही बात मुझे आगे बढ़ने की प्रेरणा देती रही।"

35 वर्षीय बल्लेबाज ने टी20 इंटरनेशनल में यह तीसरी सेंचुरी लगाई। इसके साथ ही वह महिला टी20 विश्व कप में शतक लगाने वाली इंग्लैंड की दूसरी खिलाड़ी बन गईं। इससे पहले, इंग्लैंड की ओर से यह कारनामा सिर्फ हीथर नाइट ने ही कर सकी हैं। उन्होंने 2020 में थाईलैंड के खिलाफ शतकीय पारी खेली थी।

डैन व्याट ने अपने शतक वाले पल को याद करते हुए कहा कि आखिरी ओवरों में उन्होंने गेंदबाज की रणनीति को समझते हुए मौके का फायदा उठाया। उन्होंने बताया कि गेंदबाज लगातार धीमी और वाइड गेंदें फेंक रही थी, इसलिए उन्होंने गेंद को गैप में खेलने की कोशिश की। जब गेंद सीमा रेखा के पार गई और चौका मिला, तब उन्हें एहसास हुआ कि उनका शतक पूरा हो गया है। शतक पूरा होने के बाद व्याट ने अपनी बेटी डेजी को गोद में उठाने वाला इशारा किया, जबकि नैट साइवर ब्रंट को गले लगाया।

डैन व्याट ने कहा, "मैं कई वर्षों से अपने तीसरे टी20 इंटरनेशनल शतक का इंतजार कर रही थी। अपने परिवार और प्रियजनों के सामने यह उपलब्धि हासिल करना मेरे लिए बेहद खास रहा। जब मैंने गेंद को चौके के लिए जाते देखा तो मेरी खुशी का ठिकाना नहीं था।" व्याट ने यह भी स्वीकार किया कि मां बनने के बाद उनकी जिंदगी पूरी तरह बदल गई है। उन्होंने कहा कि टीम से जुड़ने के बाद से वह डेजी से दूर हैं, लेकिन जल्द ही साउथैम्पटन में उनसे मुलाकात होगी। उन्होंने कहा कि बेटी के आने से उन्हें जीवन को देखने का नया नजरिया मिला है और अब उनका ज्यादातर समय उसी के बारे में सोचने में बीतता है।

उन्होंने कहा, "ऐसा लगता है जैसे मैंने डेजी को बहुत लंबे समय से नहीं देखा है। मैं उससे मिलने का बेसब्री से इंतजार कर रही हूं। मैं चाहती थी कि उसके लिए कम से कम अर्धशतक बनाऊं, लेकिन शतक लगाना मेरे लिए और भी खास बन गया। यह उपलब्धि मैं अपने परिवार और अपनी बेटी को समर्पित करती हूं।" श्रीलंका को हराने के बाद इंग्लैंड अब अगले मुकाबले में 16 जून को आयरलैंड से भिड़ेगी।

Source: IANS

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