अमेरिका को ईरान की चेतावनी: धमकियों से नहीं खुलेगा होर्मुज स्ट्रेट, हमला करोगे तो जवाब मिलेगा
बुधवार को अमेरिका द्वारा लगातार दूसरे दिन भी हमले जारी रखने के बाद, ईरानी संसद के अध्यक्ष मोहम्मद बाघेर गालिबाफ ने संयुक्त राज्य अमेरिका को कड़ी चेतावनी जारी की। उन्होंने स्पष्ट किया कि होर्मुज स्ट्रेट का संचालन ईरान की शर्तों के अनुसार होगा, न कि अमेरिकी धमकियों के आधार पर।

नई दिल्ली, 9 जुलाई । अमेरिका की ओर से लगातार दूसरे दिन बुधवार को भी हमले जारी रखने पर ईरानी संसद के अध्यक्ष मोहम्मद बाघेर गालिबाफ ने अमेरिका को कड़ी चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि होर्मुज स्ट्रेट का संचालन ईरान की शर्तों के मुताबिक होगा, अमेरिकी धमकियों के आधार पर नहीं। उन्होंने साफ कहा कि अगर अमेरिका हमला करेगा तो उसे जवाब भी मिलेगा।
ईरानी संसद के अध्यक्ष मोहम्मद बाघेर गालिबाफ ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर लिखा, ''अमेरिका को अब तक यह समझ लेना चाहिए था कि धमकाने और अपने वादे तोड़ने की कीमत अब बिना चुकाए नहीं बची जा सकती। साफ शब्दों में कहूं तो अगर आप हमला करेंगे तो जवाब भी मिलेगा। बेवजह हाथ-पैर मत मारिए, वरना आप और ज्यादा मुश्किल में फंसेंगे।''
गालिबाफ ने स्पष्ट किया कि होर्मुज स्ट्रेट तभी खुलेगा जब उसकी व्यवस्था ईरान के मुताबिक होगी, अमेरिका की धमकियों से नहीं।
मंगलवार रात से बुधवार तक अमेरिका और ईरान के बीच एक-दूसरे पर नए हमले हुए, जिससे दोनों देशों के बीच तनाव एक बार फिर बढ़ गया।
अमेरिकी सेना ने दूसरे दिन बुधवार को भी ईरान पर हमले किए। इन हमलों का उद्देश्य होर्मुज स्ट्रेट में नौवहन की स्वतंत्रता को खतरे में डालने की ईरान की क्षमता को कमजोर करना है।
अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने बुधवार (वाशिंगटन टाइम) को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर लिखा, "अमेरिका, एक महत्वपूर्ण अंतरराष्ट्रीय जलमार्ग में स्वतंत्र रूप से आवाजाही कर रहे वाणिज्यिक जहाजों और नागरिक चालक दल के खिलाफ हालिया अनुचित आक्रामक कार्रवाई के लिए ईरान को जवाबदेह ठहरा रहा है।
इससे पहले एक अन्य पोस्ट में कमांड ने कहा था कि बुधवार को अमेरिकी नौसेना के 20 से अधिक युद्धपोत पूरे मध्य पूर्व के समुद्री क्षेत्र में गश्त कर रहे थे।
बुधवार को ही ट्रंप ने ईरान पर किए गए हालिया अमेरिकी सैन्य हमलों का बचाव करते हुए यह आरोप लगाया था कि तेहरान ने खामेनेई के अंतिम संस्कार के लिए मांगे गए अस्थायी संघर्ष विराम का उल्लंघन किया। उन्होंने संकेत दिया कि मौजूदा कूटनीतिक प्रक्रिया लगभग खत्म हो चुकी है। ट्रंप ने कहा कि अमेरिका ने कुछ समय के लिए सैन्य कार्रवाई रोक दी थी, लेकिन इसके बाद ईरान ने फिर से आक्रामक कदम उठाने शुरू कर दिए।
Source: IANS

