Madhya Pradesh
मध्य प्रदेश में मॉडल और एक्टर ट्विशा शर्मा की संदिग्ध मौत का मामला लगातार तूल पकड़ता जा रहा है। इस हाई-प्रोफाइल केस में अब बड़ा मोड़ तब आया, जब मुख्य आरोपी और ट्विशा के पति समर्थ सिंह शुक्रवार को जबलपुर जिला अदालत में पहुंचे।
ट्विशा शर्मा मामले में मध्य प्रदेश हाईकोर्ट में सुनवाई के दौरान एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम देखने को मिला। आरोपी समर्थ सिंह के वकील ने अग्रिम जमानत याचिका वापस लेने का फैसला किया।
केंद्रीय संचार एवं पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की 'ऊर्जा बचत' अपील पर क्षेत्रवासियों और समर्थकों से अपील करते हुए कहा कि वर्तमान वैश्विक परिस्थितियों में पेट्रोल-डीजल की प्रत्येक बूंद बचाना हम सभी का राष्ट्रीय दायित्व है।।
भोपाल में ट्विशा शर्मा मौत मामले में आरोपी पति समर्थ सिंह फरार है। इस बीच समर्थ ने गुरुवार को मध्य प्रदेश हाईकोर्ट में अंतरिम जमानत के लिए याचिका दाखिल की।
ट्विशा शर्मा के परिवार ने, जिनकी कथित तौर पर 12 मई को भोपाल में अपने ससुराल में आत्महत्या से मृत्यु हो गई थी, बुधवार को एक नया बयान जारी करते हुए कहा कि किसी प्रमुख राष्ट्रीय संस्थान से एक स्वतंत्र चिकित्सा राय मिलने से जांच पर जनता का भरोसा बहाल करने में मदद मिलेगी।।
मध्य प्रदेश के मैहर जिले में मां शारदा देवी मंदिर जा रहे तीर्थयात्रियों से भरी एक ट्रैक्टर-ट्रॉली को एक तेज रफ्तार ट्रक ने टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि तीन श्रद्धालुओं की मौत हो गई और 25 से ज्यादा घायल हो गए।
नवनिधि शर्मा की 23 वर्षीय पुत्री ट्विशा शर्मा की दुखद और अप्राकृतिक मृत्यु ने एक नया मोड़ ले लिया है। ट्विशा के शोक संतप्त पिता नवनिधि शर्मा ने मध्य प्रदेश के राज्यपाल मंगूभाई पटेल को एक तत्काल ज्ञापन सौंपा है, जिसमें उन्होंने ट्विशा की सास गिरिबाला सिंह के पावरफुल प्रशासनिक कद का हवाला दिया है, जो इस मामले में आरोपी हैं।
मध्य प्रदेश के देवास जिले में रविवार को एक सड़क दुर्घटना में कम से कम तीन मजदूरों की मौत हो गई और दो अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। पुलिस अधिकारियों ने घटना की पुष्टि की।
रविवार को राजधानी एक्सप्रेस के बी-1 कोच से सभी 68 यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकालने में ट्रेन में तैनात रेलवे सुरक्षा बल के जवानों और रेलवे कर्मचारियों द्वारा लगभग 15 मिनट में की गई त्वरित आपातकालीन निकासी प्रक्रिया ने अहम भूमिका निभाई।।
मध्य प्रदेश के धार स्थित भोजशाला परिसर को मंदिर घोषित किए जाने के बाद पूजा-अर्चना शुरू हो गई है। मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने अपने भोजशाला-कमल मौला विवाद पर शुक्रवार को अपना फैसला दिया, जिसमें भोजशाला परिसर को देवी सरस्वती (वाग्देवी) को समर्पित एक मंदिर माना गया।
ट्रेडिंग न्यूज
मोस्ट व्यूज न्यूज
Get Newsletter
Subscribe to our newsletter to get latest news, popular news and exclusive updates.

