पीएम मोदी को मिला 'गार्डियन ऑफ द ब्लू होराइजन' सम्मान असली, सेशेल्स के विदेश मंत्रालय ने दी सफाई

विक्टोरिया, 3 जुलाई । भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी हाल ही में सेशेल्स के दौरे पर गए थे, जहां उन्हें 'गार्डियन ऑफ द ब्लू होराइजन' से सम्मानित किया गया। इस सम्मान को लेकर कई तरह के अटकलें लगाई जा रही थीं। दरअसल पीएम मोदी को मिले इस सम्मान को लेकर विपक्षी दल के नेताओं ने कई सवाल उठाए थे। इस बीच सेशेल्स गणराज्य के विदेश मंत्रालय ने बयान जारी कर सभी अफवाहों पर पूर्ण विराम लगा दिया है।

मंत्रालय ने बताया कि सोशल मीडिया पर जो सम्मान पत्र (साइटेशन) वायरल हो रहा है, वह अंतिम नहीं बल्कि शुरुआती ड्राफ्ट था। इसे जल्दबाजी में तैयार किया गया था, इसलिए उसमें टाइपिंग, स्पेलिंग और सील जैसी कुछ गलतियां रह गई थीं। यह दस्तावेज कभी आधिकारिक रूप से मंजूर नहीं किया गया था।

मंत्रालय ने यह भी स्पष्ट किया कि उस ड्राफ्ट पर राष्ट्रपति के असली हस्ताक्षर नहीं थे। उसमें केवल एक अस्थायी (प्लेसहोल्डर) हस्ताक्षर इस्तेमाल किए गए थे। यह दस्तावेज सार्वजनिक करने के लिए नहीं था और इसकी जांच की जा रही है कि यह बाहर कैसे आया।

सेशेल्स के विदेश मंत्रालय ने कहा कि ऐसे शुरुआती ड्राफ्ट तैयार करने के लिए डिजिटल डिजाइन सॉफ्टवेयर का इस्तेमाल सामान्य प्रक्रिया है। अंतिम दस्तावेज कई स्तरों पर जांच और मंजूरी के बाद ही जारी किया जाता है।

मंत्रालय ने लोगों और मीडिया से अपील की कि वे सिर्फ आधिकारिक तौर पर जारी किए गए अंतिम सम्मान पत्र को ही सही मानें और अफवाहों पर ध्यान न दें।

मंत्रालय ने कहा, "सेरेमोनियल डॉक्यूमेंट्स के शुरुआती ड्राफ्ट तैयार करने में डिजिटल डिजाइन सॉफ्टवेयर का इस्तेमाल डिजाइन और प्रोडक्शन प्रक्रिया का एक स्टैंडर्ड हिस्सा है, खासकर जहां टाइमलाइन कम होती है। ऐसे वर्किंग ड्राफ्ट सिर्फ अंतरराष्ट्रीय समीक्षा और क्वालिटी एश्योरेंस के लिए होते हैं और प्रजेंटेशन या पब्लिकेशन के लिए नहीं होते हैं। फाइनल साइटेशन जारी करने से पहले वेरिफिकेशन और फॉर्मल अप्रूवल से गुजरता है।"

आखिर में मंत्रालय ने अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील करते हुए कहा, "किसी भी संदेह से बचने के लिए इस बयान के साथ असली और सही तरीके से मंजूर प्रेसिडेंशियल साइटेशन अटैच किया गया है। जनता और मीडिया को सलाह दी जाती है कि वे सिर्फ अटैच किए गए संस्करण को ही असली मानें। मंत्रालय जनता और मीडिया के सदस्यों को उनकी समझ के लिए धन्यवाद देती है।"

Source: IANS

अन्य समाचार

Advertisement

Advertisement

Advertisement

Get Newsletter

Advertisement