पीएम मोदी आज साइप्रस के राष्ट्रपति के साथ करेंगे द्विपक्षीय वार्ता
पीएम मोदी शुक्रवार को नई दिल्ली में साइप्रस के राष्ट्रपति निकोस क्रिस्टोडौलिड्स के साथ वार्ता करेंगे। इस बैठक का उद्देश्य व्यापार, निवेश, कनेक्टिविटी और क्षेत्रीय मुद्दों में द्विपक्षीय सहयोग को मजबूत करना है।

नई दिल्ली, 22 मई । पीएम मोदी शुक्रवार को नई दिल्ली में साइप्रस के राष्ट्रपति निकोस क्रिस्टोडौलिड्स के साथ वार्ता करेंगे। इस बैठक का उद्देश्य व्यापार, निवेश, कनेक्टिविटी और क्षेत्रीय मुद्दों में द्विपक्षीय सहयोग को मजबूत करना है।
साइप्रस के राष्ट्रपति निकोस क्रिस्टोडौलिड्स गुरुवार को राष्ट्रीय राजधानी पहुंचे, जहां हवाईअड्डे पर उनका स्वागत केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग राज्यमंत्री अजय टम्टा ने किया।
विदेश मंत्रालय ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, “साइप्रस के राष्ट्रपति निकोस क्रिस्टोडौलिड्स का नई दिल्ली आगमन पर हार्दिक स्वागत है। मुंबई यात्रा के बाद वह नई दिल्ली पहुंचे। उन्हें औपचारिक स्वागत और गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया और केंद्रीय मंत्री अजय टम्टा ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया।”
साइप्रस के राष्ट्रपति क्रिस्टोडौलिड्स नई दिल्ली में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु से मुलाकात करेंगे। राष्ट्रपति मुर्मु उनके सम्मान में आधिकारिक भोज भी आयोजित करेंगी। विदेश मंत्री जयशंकर शुक्रवार सुबह प्रधानमंत्री मोदी से मुलाकात से पहले साइप्रस राष्ट्रपति से भेंट करेंगे। प्रधानमंत्री मोदी और क्रिस्टोडौलिड्स के बीच बैठक हैदराबाद हाउस में होगी।
क्रिस्टोडौलिड्स ने अपनी भारत यात्रा को “बेहद महत्वपूर्ण” बताया है। उन्होंने कहा कि यह दोनों देशों के बीच पहले से मौजूद “उत्कृष्ट” संबंधों को और मजबूत करने की दिशा में अहम पड़ाव साबित होगी।
नई दिल्ली आने से पहले क्रिस्टोडौलिड्स ने अपनी भारत यात्रा के तहत मुंबई का दौरा किया। उनके साथ उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल भी है, जिसमें साइप्रस के विदेश मंत्री कस्टेनसंस, परिवहन मंत्री अलेक्सिस, वरिष्ठ अधिकारी और कारोबारी शामिल हैं। इस यात्रा से भारत और साइप्रस के बीच आर्थिक और रणनीतिक संबंधों को और मजबूती मिलने की उम्मीद है।
इससे पहले गुरुवार को क्रिस्टोडौलिड्स ने नेशनल स्टाक एक्सचेंज (एनएसई) के चेयरमैन श्रीनिवास इंजेटी और प्रबंध निदेशक एवं सीईओ आशीष कुमार चौहान के साथ मुंबई में एनएसई इंडिया की घंटी बजाई।
एनएसई इंडिया ने एक्स पर लिखा, “इस यात्रा के दौरान एनएसई परिसर का दौरा भी कराया गया। इसके बाद हमारे नेतृत्व दल के साथ द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने और सहयोग के नए अवसरों पर सार्थक चर्चा हुई।”
Source: IANS

