भारत का वार्षिक निर्यात बीते 12 वर्षों में 85 प्रतिशत बढ़ा

नई दिल्ली, 16 जून । भारत का कुल निर्यात बीते 12 वर्षों में करीब 85 प्रतिशत बढ़कर वित्त वर्ष 2025-26 में 863 अरब डॉलर हो गया है, जो कि वित्त वर्ष 2014-15 में 468 अरब डॉलर था। यह जानकारी वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय द्वारा मंगलवार को दी गई।

मंत्रालय ने कहा कि बीते 12 वर्षों में देश की वार्षिक वृद्धि दर 5.7 प्रतिशत रही है। इस दौरान सर्विसेज सेक्टर की वृद्धि दर सालाना आधार पर 9 प्रतिशत रही है।

समीक्षा अवधि में वस्तुओं का निर्यात बढ़कर 442 अरब डॉलर हो गया है, जो कि 2014-15 में 310 अरब डॉलर था। इस दौरान इंजीनियरिंग गुड्स और इलेक्ट्रॉनिक प्रोडक्ट्स के निर्यात में तेज बढ़ोतरी हुई है। यह दिखाता है कि देश से हाई-वैल्यू वाले गुड्स का निर्यात तेजी से बढ़ा रहा है।

इस दौरान सर्विसेज निर्यात 158.1 अरब डॉलर से बढ़कर 421.3 अरब डॉलर पर पहुंच गया है। इससे देश के कुल निर्यात में सर्विसेज सेक्टर की हिस्सेदारी बढ़कर 48.8 प्रतिशत हो गई है, जो कि वित्त वर्ष 2014-15 में 33.8 प्रतिशत थी।

इसकी वजह देश के आईटी सेक्टर का तेजी से बढ़ना, ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर्स (जीसीसी) और कोविड महामारी के बाद डिजिटल सर्विसेज का विस्तार होना शामिल है।

कुल सर्विस एक्सपोर्ट में 40 प्रतिशत से अधिक हिस्सेदारी रखने वाली सॉफ्टवेयर सर्विस, ग्रोथ की मुख्य वजह बनी हुई हैं। प्रोफेशनल और मैनेजमेंट कंसल्टिंग दूसरे सबसे बड़े योगदानकर्ता के तौर पर उभरी हैं।

वाणिज्य मंत्रालय ने कहा कि उसने व्यापार को आसान बनाने और निर्यात में बढ़ोतरी के लिए कई कदम उठाए हैं। इनमें 47 प्रक्रियाओं को आसान बनाना, ऑटोमेटेड एफटीपी (विदेशी व्यापार नीति) प्रक्रियाएं, ऑटो-वैलिडेटेड इम्पोर्टर-एक्सपोर्टर कोड जारी करना और निर्यात को बढ़ावा देने वाला मिशन शुरू करना शामिल है।

पश्चिम एशिया संकट के कारण ग्लोबल मार्केट में अनिश्चितताओं के बावजूद, मजबूत मैन्युफैक्चरिंग इंटीग्रेशन और बेहतरीन डिजिटल क्षमताओं की वजह से चालू वित्त वर्ष में भी यह तेजी बनी हुई है।

इस साल मई में देश का वस्तु निर्यात सालाना आधार पर 18 प्रतिशत बढ़कर 45.2 अरब डॉलर तक पहुंच गया है।

Source: IANS

अन्य समाचार

Advertisement

ट्रेडिंग न्यूज

Advertisement

Advertisement

Get Newsletter

Advertisement