बिजनेस - पेज 113
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आईटी शेयरों में बड़ी रैली के कारण भारतीय शेयर बाजार मंगलवार के कारोबारी सत्र में तेजी के साथ बंद हुआ। दिन के अंत में सेंसेक्स 382.50 अंक या 0.52 प्रतिशत की तेजी के साथ 74,649.84 और निफ्टी 100.95 अंक या 0.43 प्रतिशत की मजबूती के साथ 23,483.55 पर था।
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भारत में इलेक्ट्रिक वाहनों (ईवी) के पंजीकरण में इस साल मई में बढ़ोतरी देखी गई है। इसकी वजह अमेरिका-ईरान युद्ध के कारण ईंधन की कीमतों में इजाफा होने के चलते लोगों का इलेक्ट्रिक वाहनों की ओर शिफ्ट होना है।
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भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) आने वाली जून मौद्रिक नीति कमेटी (एमसीसी) में रेपो रेट को स्थिर रख सकता है। वहीं, कमजोर रुपया और कच्चे तेल की कीमत बढ़ने के कारण महंगाई में इजाफा होने की संभावना के चलते आउटलुक और अधिक आक्रामक होने की उम्मीद है।
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प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने विदेशी मुद्रा प्रबंधन अधिनियम (फेमा) के तहत चल रही जांच के सिलसिले में दिल्ली और मुंबई में वेदांता समूह से जुड़े दो ठिकानों पर तलाशी ली है। वरिष्ठ अधिकारियों ने मंगलवार को यह जानकारी दी।
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सरकार थोक मूल्य सूचकांक यानी होलसेल प्राइस इंडेक्स (डब्ल्यूपीआई) के आधार वर्ष को बदलकर 2022-23 करने जा रही है। इसके साथ ही उत्पादक मूल्य सूचकांक यानी प्रोड्यूसर प्राइस इंडेक्स (पीपीआई) भी लॉन्च करने जा रही है, जिसे भारत की महंगाई मापने की प्रणाली को आधुनिक और अधिक सटीक बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।
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पश्चिम एशिया में जारी संघर्षों के बीच नकारात्मक वैश्विक संकेतों के चलते सप्ताह के दूसरे कारोबारी दिन मंगलवार को भारतीय शेयर बाजार गिरावट के साथ लाल निशान में खुला।।
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सीबीआई ने एसबीआई के नेतृत्व वाले बैंकों के समूह को 6,000 करोड़ रुपए से अधिक का नुकसान पहुंचाने के आरोप में रिलायंस कम्युनिकेशन ग्रुप के शीर्ष अधिकारी अमिताभ झुनझुनवाला को गिरफ्तार किया है। यह जानकारी सोमवार को सीबीआई द्वारा जारी एक बयान में दी गई।
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भारत का वित्त वर्ष 26 के लिए राजकोषीय घाटा सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) का 4.4 प्रतिशत रहा है। यह केंद्र द्वारा तय अवधि के लिए निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप है।
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भारतीय शेयर बाजार सोमवार के कारोबारी सत्र में लाल निशान में बंद हुआ। दिन के अंत में सेंसेक्स 508.40 अंक या 0.68 प्रतिशत की कमजोरी के साथ 74,267.34 और निफ्टी 165.15 अंक या 0.70 प्रतिशत की गिरावट के साथ 23,382.60 पर बंद हुआ।
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सोमवार को जारी सरकारी आंकड़ों के अनुसार, पश्चिम एशिया में जारी भू-राजनीतिक तनाव के बावजूद मई में सकल वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) संग्रह सालाना आधार पर 3.2 प्रतिशत बढ़कर करीब 2 लाख करोड़ रुपए तक पहुंच गया।।
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