यूक्रेन ने रूस के औद्योगिक शहर को बनाया निशाना, 13 की मौत और 39 घायल

मास्को, 10 अगस्त । रूस और यूक्रेन के बीच लगातार हमले जारी हैं। ताजा मामले में यूक्रेन ने सोमवार को मॉस्को से करीब 600 मील पूर्व में एक इंडस्ट्रियल शहर पर ड्रोन हमला किया। स्थानीय मेयर के अनुसार, एक इंडस्ट्रियल शहर पर यूक्रेन के ड्रोन हमले में कम से कम 13 लोग मारे गए और 39 घायल हो गए।

यह ताजा हमला रूस के अंदर यूक्रेन की एयरस्ट्राइक के अभियान में तेजी आने का संकेत है। रूसी जांचकर्ताओं ने कहा कि निजनेकाम्स्क शहर में आम लोगों और इंडस्ट्रियल जगहों पर हमला हुआ है। यह रूस की सबसे बड़ी और सबसे एडवांस्ड तेल रिफाइनरियों में से एक है। एक बयान में जांच समिति ने कहा कि मृतकों में एक बच्चा भी शामिल है।

यह 2022 में बड़े पैमाने पर युद्ध शुरू होने के बाद से रूसी इलाके पर यूक्रेन के सबसे खतरनाक हमलों में से एक था। मॉस्को ने पूरे हमले के दौरान यूक्रेनी शहरों को भारी मिसाइलों और ड्रोन से निशाना बनाया है, जिससे नियमित तौर पर बड़े पैमाने पर आम लोगों की मौतें हुई है।

हाल के महीनों में, यूक्रेन ने सैन्य और आम लोगों को फ्यूल सप्लाई में रुकावट डालने के लिए चरणबद्ध तरीके से रूसी तेल रिफाइनरियों को निशाना बनाया है।

रूस एक बड़ा तेल उत्पादक देश है। ऐसे में यूक्रेन के लगातार हमले की वजह से रूस के तेल उत्पादन में रुकावटें भी आई, जिससे गैस स्टेशनों पर लंबी लाइनें लग गईं। वहीं, रूस के तेल सप्लाई पर दबाव बना है।

इससे पहले शुक्रवार को रूस ने यूक्रेन के सबसे बड़े दवा गोदाम पर हमला किया। हालांकि, इस हमले में किसी की जान जाने की कोई जानकारी सामने नहीं आई, लेकिन स्वास्थ्य सुविधाओं को भारी नुकसान हुआ है।

यूक्रेन के साथ जारी संघर्ष को अस्थायी रूप से रोकने के विकल्प को रूस ने खारिज कर दिया है। रूस के उप विदेश मंत्री मिखाइल गलुजिन ने कहा कि संकट का समाधान तभी संभव है, जब इसके मूल कारणों को खत्म किया जाए। उन्होंने रूसी न्यूज एजेंसी 'तास' को दिए एक इंटरव्यू में कहा कि रूस का मानना है कि इस संकट की जड़ में मौजूद कारणों को खत्म करना जरूरी है।

न्यूज एजेंसी तास के अनुसार, उप विदेश मंत्री ने कहा, "रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन कई बार कह चुके हैं कि इस संकट के मूल कारणों को खत्म किए बिना किसी तरह का युद्धविराम संभव नहीं है।"

उन्होंने कहा कि यह साफ है कि जेलेंस्की पूरी तरह से हकीकत से कट चुके हैं और संघर्ष को बढ़ाने की कोशिश कर रहे हैं। उनके कदमों से उन देशों में भी नाराजगी पैदा हो रही है, जिन्हें कीव साझेदार मानता है।

गलुजिन ने कहा, "नागरिक ऊर्जा ढांचे पर किए गए हमले ही बहुत कुछ बता देते हैं। जुलाई और अगस्त में यूक्रेनी बलों ने ड्रोन का इस्तेमाल करके कैस्पियन पाइपलाइन कंसोर्टियम (सीपीसी) के संचालन से जुड़ी सुविधाओं पर दिखावटी आतंकवादी हमले किए। यह पाइपलाइन मुख्य रूप से कजाखस्तान की अर्थव्यवस्था के हितों की मदद करती है।"

Source: IANS

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