हेल्थ एंड फिटनेस
अगर दिन की शुरुआत सिर्फ 10–15 मिनट के सूर्य नमस्कार से की जाए, तो यह छोटी-सी आदत बड़े फायदे दे सकती है।
सीलिएक बीमारी एक ऑटोइम्यून रोग है, जिसमें शरीर का इम्यून सिस्टम गलती से ग्लूटेन नामक प्रोटीन को नुकसान पहुंचाने वाला समझता है।
आजकल की भागदौड़ भरी जिंदगी में महिलाओं में पीसीओएस (पॉलीसिस्टिक ओवरी सिंड्रोम) काफी आम हो गया है। ये सिर्फ हार्मोन का नहीं है, बल्कि हमारे रोजमर्रा के खाने, लाइफस्टाइल और स्ट्रेस का परिणाम होता है।
सर्दियों की विदाई के साथ गर्मी के मौसम का आगमन हो चुका है। ऐसे में गर्मियों की तपती धूप में शरीर को अंदर से ठंडक देना सबसे बड़ी चुनौती बन जाती है। आयुर्वेद औषधीय गुणों से भरपूर सौंफ के सेवन की सलाह देता है, जिससे शरीर न केवल अंदर से शीतल रहता है बल्कि तन-मन दोनों को कई लाभ मिलते हैं।
मोबाइल फोन आधुनिक जीवन का एक अहम हिस्सा बन चुका है और तकनीकी प्रगति का प्रतीक भी है। हालांकि, इसकी बढ़ती लत अब बच्चों से लेकर बड़ों तक की सेहत पर नकारात्मक प्रभाव डाल रही है।
फरवरी और मार्च के महीने में अंगूर बहुतायत मात्रा में आसानी से मिल जाते हैं। फरवरी और मार्च का महीना हल्का ठंडा और गर्मी वाला होता है, जिसमें शीतल पदार्थों का सेवन करने का मन करता है।
रोजाना योगाभ्यास स्वस्थ जीवनशैली अपनाने में महत्पवूर्ण भूमिका अदा करता है। कई लोग आम योगासन को बारे में तो जानते हैं, लेकिन उत्थित पार्श्वकोणासन के बारे में कम ही जानते हैं।
आज के समय में शुद्ध घी मिल पाना अपने आप में एक अनोखी बात है। बाजार में मिलने वाले घी में शुद्धता की पहचान कर पाना मुश्किल है, और ज्यादातर घी में मिलावटी पदार्थ को मिलाकर बेचा जाता है।
अगर सेहत का खास ख्याल रखने के लिए दिन के सिर्फ कुछ मिनट भी निकाल सकें, तो एक आसान सा योगासन आपकी सेहत को बेहतर बनाने में मदद कर सकता है। इस योगासन का नाम है वज्रासन।
सर्दियों में शरीर को ठंड से बचाने और गरमाहट देने के लिए तिल के तेल से अभ्यंग और सेवन की सलाह दी जाती है।
ट्रेडिंग न्यूज
मोस्ट व्यूज न्यूज
Get Newsletter
Subscribe to our newsletter to get latest news, popular news and exclusive updates.


