हेल्थ एंड फिटनेस
योग एक प्राचीन भारतीय परंपरा है, जो न केवल शरीर बल्कि मन के लिए भी बेहद जरूरी है। योगासन मानसिक और आध्यात्मिक स्वास्थ्य को बेहतर बनाती है, लेकिन योग को लेकर कई तरह की गलतफहमियां या मिथक फैले हुए हैं
आंखें शरीर का सिर्फ एक अंग नहीं, बल्कि दुनिया को देखने का साधन हैं। बिना आंखों के जीवन की कल्पना करना भी डरावना अनुभव देता है।
आयुर्वेद में भोजन केवल पेट भरने के लिए नहीं है, बल्कि यह शरीर को पोषण देने, ऊर्जा देने और शरीर के संतुलन को बनाए रखने का माध्यम भी माना गया है, इसलिए भोजन को महाभैषज्य (सर्वोत्तम औषधि) भी कहा जाता है।
चियासीड्स को पोषण का पावरहाउस कहा जाता है। ये छोटे-छोटे काले बीज हृदय रोगों से बचाव में बहुत प्रभावी हैं और दिल को स्वस्थ तथा मजबूत रखते हैं।
देश-दुनिया में लोग उल्लास के साथ रंगों के त्योहार होली का जश्न मना रहे हैं। होली रंगों, खुशी और दोस्तों-परिवार के साथ मेलजोल का पर्व है। हालांकि, त्योहार के उल्लास में अक्सर सेहत की अनदेखी होती है।
रात में किया हल्का भोजन आयु बढ़ाने और सेहतमंद रहने में मदद करता है। भारी भोजन मन को तामसिक बना सकता है। अनियमित समय पर खाने से अग्नि विकार होता है, जो लंबे समय में रोग पैदा कर सकता है।
रंगों का त्योहार होली उल्लास और खुशी का माहौल लेकर आता है, लेकिन इस खुशी में केमिकल से बने रंग खुशियों में भंग डालने का काम करते हैं।
मौसम के परिवर्तन, केमिकल कलर्स और गड़बड़ खानपान की वजह से रंग फीके पड़ सकते हैं। ऐसे में 'रंगों का त्योहार' खुशहाल और सेहतमंद रहे, इसके लिए आयुर्वेद 5 आसान उपाय सुझाता है।
महंगे कॉस्मेटिक उत्पाद भी कई बार त्वचा को फायदा पहुंचाने के बजाय नुकसान पहुंचा देते हैं। कच्चा दूध सिर्फ पोषण देने वाला पेय नहीं है, बल्कि त्वचा की सफाई, नमी और प्राकृतिक चमक बनाए रखने में भी मददगार होता है।
योग के कई आसनों में से एक खास और प्रभावी आसन है 'पादहस्तासन'। इसके नियमित अभ्यास से कई तरह के शारीरिक और मानसिक फायदे मिलते हैं।
ट्रेडिंग न्यूज
मोस्ट व्यूज न्यूज
Get Newsletter
Subscribe to our newsletter to get latest news, popular news and exclusive updates.


