जेपीएससी परीक्षाओं में गड़बड़ी के मामले में सीआईडी ने तीन और आरोपियों को किया गिरफ्तार

रांची, 24 जुलाई । झारखंड लोक सेवा आयोग (जेपीएससी) की विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में कथित अनियमितता की जांच कर रही सीआईडी ने शुक्रवार को तीन और आरोपियों को गिरफ्तार किया। इनके साथ ही इस मामले में अब तक गिरफ्तार आरोपियों की संख्या बढ़कर आठ हो गई है।

सीआईडी ने जांच का दायरा बढ़ाते हुए रांची के दो होटलों में भी छापेमारी की है। मामले की जांच के लिए गठित विशेष जांच दल (एसआईटी) विभिन्न डिजिटल और दस्तावेजी साक्ष्यों की जांच कर रहा है। सीआईडी की ओर से जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, परीक्षा संचालन से जुड़ी आउटसोर्सिंग एजेंसी टीएसआर डेटा प्रोसेसिंग प्राइवेट लिमिटेड (टीडीपीएल) के कर्मचारी हेमंत वर्मा, प्रदीप कुमार सिंह और संजय कुमार को गिरफ्तार किया गया है।

एजेंसी के अनुसार, तीनों से परीक्षा संचालन और डेटा प्रोसेसिंग से जुड़े पहलुओं पर पूछताछ की जा रही है। इससे पहले सीआईडी ने जेपीएससी की उप परीक्षा नियंत्रक श्वेता कुमारी गुप्ता, टीडीपीएल के निदेशक रामवीर सिंह, मार्केटिंग मैनेजर मनोज कुमार तिवारी उर्फ अभय कुमार तिवारी तथा कंपनी के कर्मचारी मो. उस्मान और मो. एबाद को गिरफ्तार किया था।

अदालत के आदेश पर इन पांचों को पांच दिन की पुलिस रिमांड पर लेकर पूछताछ की जा रही है। जांच एजेंसी के अनुसार, रांची पुलिस के सहयोग से शहर के अलग-अलग थाना क्षेत्रों में स्थित दो होटलों में भी छापेमारी की गई है। हालांकि, वहां से क्या बरामद हुआ, इसकी आधिकारिक जानकारी फिलहाल सार्वजनिक नहीं की गई है। इस पूरे मामले में सीआईडी थाना में कांड संख्या 16/2026 दर्ज की गई है। जांच भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) और झारखंड प्रतियोगी परीक्षा (भर्ती में अनुचित साधनों की रोकथाम एवं निवारण के उपाय) अधिनियम, 2023 की संबंधित धाराओं के तहत की जा रही है।

जांच के दौरान सीआईडी ने जेपीएससी मुख्यालय और परीक्षा आयोजित करने वाली एजेंसी टीडीपीएल के कार्यालयों में छापेमारी कर सर्वर, कंप्यूटर, हार्ड डिस्क, लैपटॉप, पेन ड्राइव सहित कई डिजिटल उपकरण और परीक्षा संबंधी दस्तावेज जब्त किए हैं। इनकी फॉरेंसिक जांच कर यह पता लगाया जा रहा है कि परीक्षा परिणाम तैयार करने की प्रक्रिया के दौरान ओएमआर डेटा या अन्य डिजिटल रिकॉर्ड में किसी प्रकार की छेड़छाड़ की गई थी या नहीं।

सीआईडी इस बात की भी जांच कर रही है कि झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (जेएसएससी) द्वारा वर्ष 2025 में ब्लैकलिस्ट की जा चुकी टीडीपीएल को जेपीएससी की परीक्षाओं का जिम्मा किन परिस्थितियों में सौंपा गया और इस प्रक्रिया में किन अधिकारियों की भूमिका रही।

Source: IANS

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